Spread the love*लुका छुपी के खेल में बीत गए 8 महीने नहीं बंद हुआ बालू का अवैध खनन* *सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बावजूद यमुना की जलधारा से पोकलैंड मशीन लगाकर हो रहा है अवैध बालू खनन* *खनन अधिकारी को हटाते हुए इन पर कठोर कार्रवाई करते हुए यमुना की जलधारा से खनन पर रोक लगाए जाने की मांग आम जनता ने की है* *कौशाम्बी।* सराय अकिल थाना क्षेत्र के यमुना नदी के कटैया घाट पर अवैध खनन का लगातार आरोप लगा है ग्रामीणों ने खनन विभाग पर मिलीभगत के आरोप लगाए हैं जीपीएस टैग लगा वीडियो सामने आने के बाद भी बालू के अवैध खनन पर रोक नहीं लग रही है सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बावजूद यमुना की जलधारा से पोकलैंड मशीन लगाकर खनन हो रहा है 8 महीने से यमुना नदी की जलधारा से खनन किए जाने के बावजूद खनन विभाग रोक नहीं लग सका है जिससे खनन अधिकारियों की भूमिका पर सवाल खड़े हो गए हैं सराय अकिल थाना क्षेत्र के कटैया घाट पर बड़े पैमाने पर अवैध बालू खनन किए जाने का मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि पटाधारक के अलावा अन्य लोग भी दिन-रात नावों के सहारे यमुना नदी से बालू निकाल रहे हैं। माफिया पोकलैंड मशीन से यमुना की जलधारा से बालू खनन कर रहे हैं 8 महीने से खनन विभाग केवल जांच की बात कर रहा है स्थानीय लोगों का कहना है कि अवैध खनन के कारण नदी का स्वरूप बदल रहा है और आसपास के क्षेत्रों में कटान का खतरा बढ़ गया है। ग्रामीणों ने बताया कि कई बार इसकी शिकायत खनन अधिकारी चंद्र प्रकाश जायसवाल से की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।ग्रामीणों ने बताया कि विभागीय अधिकारियों की अनदेखी के कारण अवैध खनन करने वालों के हौसले बुलंद हैं। कार्रवाई न होने से अब खनन विभाग और अवैध खनन कर्ताओं के बीच मिलीभगत की चर्चा भी होने लगी है।इस संबंध में खनन विभाग का पक्ष जानने का प्रयाश किया गया इससे विभाग का जांच सामने नहीं आ सका है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। सवाल उठता है कि जिले के विभिन्न यमुना घाटों से यमुना की जलधारा के बीच से पोकलैंड मशीन लगाकर बालू का अवैध खान बीते 8 महीने से हो रहा है और खनन अधिकारी केवल तमाशा देख रहे हैं चर्चाओं पर जाए तो यमुना की जलधारा से खनन करने वाले माफियाओं से खनन अधिकारी की हिस्सेदारी निश्चित है जिससे अवैध खनन में रोक लगाने बजाए लगातार खनन अधिकारी शासन से लेकर जिलाधिकारी तक को गुमराह कर रहे हैं खनन अधिकारी के रहते हुए यमुना की जलधारा से बालू खनन पर रोक लगती नहीं दिख रही है जिससे खनन अधिकारी को हटाते हुए इन पर कठोर कार्रवाई करते हुए यमुना की जलधारा से खनन पर रोक लगाए जाने की मांग आम जनता ने की है *सुशील केसरवानी वरिष्ठ पत्रकार Post Views: 5 Post navigation बाल विकास परियोजना अधिकारी एवं मुख्य सेविकाओं के साथ डीपीओ ने की समीक्षा बैठक